राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल को लोकमान्य तिलक राष्ट्रीय पुरस्कार 2026 से सम्मानित किया जाएगा
भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल को राष्ट्रीय सुरक्षा एवं रणनीतिक नीति निर्माण में उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए वर्ष 2026 का लोकमान्य तिलक राष्ट्रीय पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। यह सम्मान 1 अगस्त 2026 को पुणे में तिलक स्मारक ट्रस्ट द्वारा आयोजित समारोह में दिया जाएगा। 1968 बैच के केरल कैडर के पूर्व IPS अधिकारी अजीत डोभाल ने इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) और राष्ट्रीय सुरक्षा तंत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। लोकमान्य तिलक राष्ट्रीय पुरस्कार राष्ट्र निर्माण, जनसेवा, विज्ञान, प्रशासन और राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान के लिए प्रतिवर्ष प्रदान किया जाता है।
भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल को वर्ष 2026 का लोकमान्य तिलक राष्ट्रीय पुरस्कार प्रदान करने की घोषणा तिलक स्मारक ट्रस्ट द्वारा की गई है। यह सम्मान भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा, रणनीतिक नीति निर्माण तथा खुफिया तंत्र को सुदृढ़ बनाने में उनके दीर्घकालिक योगदान के लिए दिया जा रहा है। पुरस्कार समारोह 1 अगस्त 2026 को पुणे (महाराष्ट्र) में आयोजित होगा।
अजीत डोभाल का योगदान
अजीत डोभाल को भारत के प्रमुख सुरक्षा रणनीतिकारों में गिना जाता है। उन्होंने राष्ट्रीय सुरक्षा ढांचे को सुदृढ़ करने, आतंकवाद-रोधी अभियानों, खुफिया एजेंसियों के समन्वय, सीमा-पार सुरक्षा चुनौतियों से निपटने तथा भारत के रणनीतिक हितों की रक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उनकी रणनीतिक सोच ने आंतरिक एवं बाह्य सुरक्षा नीति को नई दिशा दी है।
अजीत डोभाल का प्रशासनिक परिचय
अजीत कुमार डोभाल 1968 बैच के केरल कैडर के भारतीय पुलिस सेवा (IPS) अधिकारी हैं। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार बनने से पूर्व उन्होंने इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) में लंबे समय तक कार्य किया। उन्होंने मिजोरम, पंजाब, सिक्किम तथा जम्मू-कश्मीर जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा संबंधी दायित्व निभाए तथा पाकिस्तान और यूनाइटेड किंगडम में भारतीय मिशनों में भी महत्वपूर्ण सेवाएँ दीं।
राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) का महत्व
राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार भारत सरकार के प्रमुख सुरक्षा सलाहकार होते हैं, जो प्रधानमंत्री को आंतरिक सुरक्षा, बाह्य सुरक्षा, आतंकवाद, साइबर सुरक्षा, सामरिक नीति तथा खुफिया मामलों पर सलाह देते हैं। NSA राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद सचिवालय (NSCS) के माध्यम से विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों के बीच समन्वय स्थापित करने में केंद्रीय भूमिका निभाते हैं।
लोकमान्य तिलक राष्ट्रीय पुरस्कार
लोकमान्य तिलक राष्ट्रीय पुरस्कार प्रतिवर्ष तिलक स्मारक ट्रस्ट, पुणे द्वारा स्वतंत्रता सेनानी लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक की स्मृति में प्रदान किया जाता है। यह सम्मान राष्ट्र निर्माण, सार्वजनिक प्रशासन, सामाजिक सुधार, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, राष्ट्रीय सुरक्षा तथा जनसेवा जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाले भारतीय एवं विदेशी व्यक्तियों को प्रदान किया जाता है।
UPSC Prelims & Mains Facts
अजीत डोभाल – 1968 बैच के IPS (केरल कैडर) अधिकारी हैं; वे IAS अधिकारी नहीं हैं।
उन्होंने इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) के संचालन एवं खुफिया अभियानों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा व्यवस्था का प्रमुख रणनीतिक पद है।
लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक को "लोकमान्य" की उपाधि प्राप्त थी तथा वे केसरी, मराठा समाचारपत्रों, गणेश उत्सव एवं शिवाजी उत्सव के माध्यम से राष्ट्रीय चेतना के प्रसार के लिए प्रसिद्ध थे।
यह समाचार आंतरिक सुरक्षा, महत्वपूर्ण व्यक्तित्व, पुरस्कार एवं सम्मान तथा समसामयिक प्रशासन जैसे UPSC विषयों की दृष्टि से महत्वपूर्ण है।